हाईलाइट्स :
- कार्यकाल 31 अक्टूबर को समाप्त होना था
- 1958 के नियम 16(1) में छूट दी गई है
- आउट स्टैडिंग सर्विस अवार्ड 2021 में मिला
कोलकाता : मंत्रिमंडल की नियुक्ति समिति ने पश्चिम बंगाल के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) सिद्धनाथ गुप्ता के कार्यकाल को छह महीने बढ़ाने की मंजूरी दे दी है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने बुधवार को यह जानकारी देते हुए बताया कि गुप्ता का मौजूदा कार्यकाल 31 अक्टूबर को समाप्त होना था।
उन्होंने बताया कि 1992 बैच के भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) अधिकारी गुप्ता के कार्यकाल का विस्तार जनहित में किया गया है। इसके लिए अखिल भारतीय सेवा (मृत्यु-सह-सेवानिवृत्ति लाभ) नियम, 1958 के नियम 16(1) में छूट दी गई है। इस नियम के तहत अखिल भारतीय सेवा के अधिकारी को उस महीने के अंतिम दिन दोपहर बाद सेवानिवृत्त होना होता है, जिसमें वह 60 वर्ष की आयु पूरी करता है।
गुप्ता को विधानसभा चुनाव से पहले मार्च में निर्वाचन आयोग ने पश्चिम बंगाल का पुलिस महानिदेशक नियुक्त किया था। इससे पहले भी उन्हें उनकी मूल सेवानिवृत्ति तिथि 30 अप्रैल से आगे छह महीने का सेवा विस्तार दिया गया था। डीजीपी सिद्धनाथ गुप्ता उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले के बिंदकी नगर के मुहल्ला कटरा के मूल निवासी हैं। सिद्धनाथ गुप्ता आईआईटी कानपुर से पास आउट हैं। 1992 में वह आइपीएस बने और उन्हें बंगाल कैडर मिला था। बंगाल में वह एक तेज तर्रार अधिकारी रूप में जाने जाते हैं। वर्ष 2005 में पुलिस मेडल फार गैलेंट्री अवार्ड, वर्ष 2008 में पुलिस मेडल फार मेरीटोरियश सर्विस अवार्ड, प्रेसीडेंट पुलिस मेडल फार आउस्टैंडिंग सर्विस 2016 व चीफ मिनिस्टर मेडल फार आउट स्टैडिंग सर्विस अवार्ड 2021 में मिल चुका है। उनके दो पुत्रों में सार्थक गुप्ता अमेरिका में है, शाश्वत गुप्ता दुर्गापुर एनआइटी से पास आउट हैं और यूपीएससी की तैयारी कर रहे हैं।
















Leave a Reply