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तृणमूल कांग्रेस की लोकसभा सदस्य काकोली घोष दस्तीदार ने ट्वीट कर धनखड़ से ‘ विभाजनकारी दुष्प्रचार’’ बंद करने का आह्वान किया और कहा कि यह समय इसके लिए नहीं है। हालांकि, उन्होंने राज्यपाल के कूचबिहार दौरे का जिक्र नहीं किया।

कोलकाता। पश्चिम बंगाल में सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस ने आरोप लगाया कि राज्यपाल जगदीप धनखड़ ने राज्य सरकार के परामर्श को नजरअंदाज कर कूचबिहार जिले के हिंसाग्रस्त इलाकों का बृहस्पतिवार को दौरा किया जो संवैधानिक प्रावधानों का उल्लंघन है। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बुधवार को धनखड़ को पत्र लिखकर दावा किया था कि उनकी कूचबिहार दौरे से ‘दशकों पुरानी परंपरा का उल्लंघन होगा’ और उनसे इस दौरे को रद्द करने की अपील की थी। हालांकि, राज्यपाल ने जवाब में कहा था कि वह संविधान में प्रदान कर्तव्यों का निर्वहन कर रहे हैं और कूचबिहार का उनका दौरा चुनाव बाद हुई हिंसा के पीड़ितों का दुख-दर्द बांटने के लिए है। तृणमूल कांग्रेस के वरिष्ठ सांसद और पार्टी प्रवक्ता सौगत रॉय ने कहा, ‘‘ उन्होंने (राज्यपाल) राज्य सरकार की नहीं सुनी और कूचबिहार चले गए। वह भाजपा नेता के साथ वहां गए। उनका आचरण असंवैधानिक है।’’

गौरतलब है कि कूचबिहार दौरे के दौरान धनखड़ के साथ भाजपा सांसद निसिथ प्रमाणिक भी थे। उन्होंने संवाददाताओं से कहा, ‘‘पहले हमने राष्ट्रपति को इस राज्यपाल को हटाने के लिए पत्र लिखा था। अगर मुखयमंत्री कहती हैं तो हम उनके खिलाफ दूसरा पत्र राष्ट्रपति को भेजेंगे।’’ तृणमूल कांग्रेस ने पिछले साल दिसंबर में धनखड़ को राज्यपाल पद से हटाने के लिए राष्ट्रपति को पत्र लिखा था। पार्टी ने आरोप लगाया था कि राज्यपाल नियमित रूप से राज्य प्रशासन के खिलाफ सार्वजनिक टिप्पणी कर संवैधानिक सीमा का उल्लंघन कर रहे हैं।

तृणमूल कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और राज्य में मंत्री सोभनदेब चटोपाध्याय ने दावा किया कि धनखड़ का आचरण राज्यपाल के लायक नहीं है। उन्होंने पत्रकारों से कहा, ‘‘राज्यपाल चुनाव बाद हिंसा की छिटपुट घटनाओं पर राजनीति कर रहे हैं जबकि राज्य सरकार ने सभी जरूरी कदम उठाए हैं। वह ऐसे समय राजनीति कर रहे हैं जब राज्य महामारी से लड़ने में व्यस्त है। हम उम्मीद करते हैं कि राज्यपाल और राज्य सरकार कोविड-19 से लडने के लिए मिलकर काम करेंगे।’’ तृणमूल कांग्रेस की लोकसभा सदस्य काकोली घोष दस्तीदार ने ट्वीट कर धनखड़ से ‘ विभाजनकारी दुष्प्रचार’’ बंद करने का आह्वान किया और कहा कि यह समय इसके लिए नहीं है। हालांकि, उन्होंने राज्यपाल के कूचबिहार दौरे का जिक्र नहीं किया।

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